मिथुन
May 21 - Jun 20
भविष्यफल
मिथुन राशि के लिए यह वर्ष 'सिद्धि' और 'कर्म' का है। शनि की ढैय्या से मुक्ति और नवम शनि भाग्य को प्रबल कर रहा है। राहु की छाया दशम भाव पर होने से गुप्त शत्रुओं का नाश होगा और आप अपनी चतुराई से कठिन लक्ष्यों को प्राप्त करेंगे। ११वें भाव का अष्टकवर्ग बल आय के नए स्रोत खोल रहा है।
पंचम भाव पर शुभ ग्रहों की दृष्टि से प्रेम संबंधों में प्रगाढ़ता आएगी। जो जातक विवाह के इच्छुक हैं, उन्हें वर्ष के उत्तरार्ध में गुरु के लग्न में गोचर करने पर सफलता मिलेगी। केतु के कारण पारिवारिक कलह की संभावना है, जिसे धैर्य से सुलझाना होगा।
करियर के क्षेत्र में राहु का दशम भाव में गोचर और अष्टकवर्ग में १०वें भाव का ३२ बिंदुओं के साथ मजबूत होना आपको कार्यक्षेत्र में वर्चस्व प्रदान करेगा। अमोघ तंत्र के अनुसार तकनीकी, गुप्त विद्याओं और विदेशी व्यापार से जुड़े जातकों को अप्रत्याशित धन लाभ होगा। शनि का नवम भाव से गोचर लंबी यात्राओं को सफल बनाएगा।
द्वादश गुरु और चतुर्थ केतु के कारण अनिद्रा और छाती में जकड़न जैसी समस्याएं हो सकती हैं। अघोर पद्धति के अनुसार वायु तत्व के असंतुलन से बचने के लिए प्राणायाम और सात्विक आहार का पालन करें। केतु की दृष्टि मानसिक शांति में व्यवधान डाल सकती है।
अमोघ तांत्रिक उपाय: 'सिद्ध महाकाली यंत्र' को कांसे की प्लेट पर स्थापित कर बुधवार को गुग्गल की धूप दें। 'ॐ ह्रीं श्रीं क्रीं परमेश्वरि कालिके स्वाहा' मंत्र का १०८ बार जाप करें। साथ ही, दाहिने हाथ की कलाई पर हरे रंग का डोरा (तंत्रोक्त अभिमंत्रित) बांधें।